देहरादून: श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी और पत्रकार दीप मैठाणी के बीच शुरू हुआ विवाद अब पुलिस थाने तक पहुंच गया है। गैर-सनातनियों के मंदिर में प्रवेश पर रोक लगाने के फैसले को लेकर उठे सवालों ने इस मामले को तूल दे दिया है।
मामले में BKTC की ओर से देहरादून के डालनवाला थाने में पत्रकार दीप मैठाणी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। समिति का आरोप है कि 17 मार्च को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पत्रकार ने नशे की हालत में कार्यक्रम में व्यवधान डाला और बाद में सोशल मीडिया पर अध्यक्ष के खिलाफ आपत्तिजनक पोस्ट की। BKTC अध्यक्ष के निर्देश पर उनके निजी सचिव प्रमोद नौटियाल ने 20 मार्च को पुलिस में तहरीर दी। तहरीर में कहा गया है कि फेसबुक पर की गई पोस्ट में अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया गया, जिससे न केवल अध्यक्ष बल्कि धार्मिक आस्था से जुड़ी संस्था की छवि को भी नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया है। शिकायत के साथ संबंधित फेसबुक पोस्ट के स्क्रीनशॉट और लिंक भी पुलिस को सौंपे गए हैं।
वहीं, दूसरी ओर पत्रकार दीप मैठाणी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए BKTC अध्यक्ष पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि गैर-सनातनियों के मंदिर प्रवेश पर बैन लगाने का फैसला बिना निर्धारित प्रक्रिया और शासन की मंजूरी के लिया गया है। मैठाणी का कहना है कि मंदिर समिति की नियमावली की धारा 25 के तहत किसी भी नियम में बदलाव के लिए पहले उप-नियम बनाए जाने आवश्यक होते हैं। इसके बाद प्रस्ताव शासन को भेजा जाता है और मंजूरी मिलने के बाद ही उसे लागू किया जा सकता है। उन्होंने दावा किया कि इस प्रक्रिया का पालन किए बिना ही यह फैसला लिया गया। पत्रकार के अनुसार, जब उन्होंने प्रेस वार्ता के दौरान इस प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाया तो अध्यक्ष नाराज हो गए और पत्रकारों को ही संविधान पढ़ने की सलाह देने लगे। इस घटना के बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद और बढ़ गया। फिलहाल, डालनवाला थाना पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। वहीं, सोशल मीडिया पर प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हुई तीखी बहस का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे यह मामला अब सार्वजनिक बहस का विषय बन गया है।












