देहरादून। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami ने सीएम घोषणाओं की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को कड़े निर्देश देते हुए स्पष्ट कहा कि सरकार की घोषणाओं पर किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन घोषणाओं पर अब तक शासनादेश (जीओ) जारी नहीं हुए हैं, उन्हें हर हाल में 15 जून 2026 तक जारी किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान है। उन्होंने विशेष रूप से बिजली, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाएं, सड़क निर्माण और मानव-वन्यजीव संघर्ष जैसी गंभीर समस्याओं पर तेजी से काम करने के निर्देश दिए। सीएम धामी ने अधिकारियों को चेताते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ तभी सार्थक होगा जब वे समय पर धरातल पर उतरें। उन्होंने विभागों के बीच बेहतर समन्वय बनाने और जवाबदेही तय करने पर जोर दिया। बैठक में मुख्यमंत्री ने सामाजिक और धार्मिक विकास को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हर विकासखंड में बालिकाओं के लिए छात्रावास खोले जाएं, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों की बेटियों को शिक्षा के बेहतर अवसर मिल सकें। इसके अलावा उन्होंने रघुनाथ मंदिर, लक्ष्मण मंदिर और सीता माता मंदिर को एक धार्मिक सर्किट के रूप में विकसित करने की योजना पर भी जोर दिया, ताकि प्रदेश में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिल सके। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि जनता से किए गए वादों को हर हाल में पूरा करना सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जनसमस्याओं को प्राथमिकता में रखते हुए तेज गति से कार्य करें और सुनिश्चित करें कि योजनाओं का लाभ सीधे आम जनता तक पहुंचे।







